अमेरिका में चुनावी माहौल तेज़ हो चला है और इसी बीच पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा पेश किया गया 'वन बिग ब्यूटीफुल बिल एक्ट' (OBBBA) अमेरिकी सीनेट में भारी विवाद का केंद्र बन गया है. यह विधेयक टैक्स छूट, रक्षा खर्च और सामाजिक सुरक्षा में व्यापक बदलावों को लेकर लाया गया है.
हालांकि यह सीनेट की पहली प्रक्रियात्मक बाधा पार कर गया है, मगर इसकी राह अभी भी कांटों से भरी है. सबसे दिलचस्प मोड़ तब आया जब ट्रंप के पूर्व करीबी और मशहूर उद्योगपति एलन मस्क ने इस विधेयक पर तीखा हमला बोला और इसे "पागलपन भरा विनाशकारी कदम" बताया.
सीनेट में टाई वोट, उपराष्ट्रपति ने की दखल
शनिवार देर रात हुई सीनेट की विशेष बैठक में इस विधेयक पर मतदान हुआ. 51 के मुकाबले 49 वोट से यह विधेयक अपने पहले पड़ाव को पार कर गया. हालांकि टाई की स्थिति में उपराष्ट्रपति जे.डी. वेंस को हस्तक्षेप करना पड़ा. इस बीच, सीनेट में माहौल बेहद तनावपूर्ण हो गया, क्योंकि विपक्षी सांसदों ने विधेयक की कई धाराओं पर आपत्ति जताई और बहस घंटों तक खिंचती रही.
एलन मस्क की तीखी प्रतिक्रिया
टेस्ला और स्पेसएक्स के सीईओ एलन मस्क ने इस विधेयक को लेकर ट्रंप और रिपब्लिकन पार्टी पर निशाना साधा. उन्होंने सोशल मीडिया मंच X (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा सीनेट का यह विधेयक अमेरिका में लाखों नौकरियों को खत्म कर देगा और हमारे देश को रणनीतिक तौर पर कमजोर करेगा.” उन्होंने यह भी जोड़ा कि यह बिल उभरते उद्योगों को खत्म कर देगा जबकि पुराने और पारंपरिक उद्योगों को बढ़ावा देगा. मस्क ने इसे “रिपब्लिकन पार्टी के लिए राजनीतिक आत्महत्या” जैसा निर्णय कहा. गौरतलब है कि एलन मस्क हाल ही में ट्रंप प्रशासन के एक सरकारी पद से इस्तीफा दे चुके हैं और तब से ही सार्वजनिक रूप से उनकी नीतियों की आलोचना कर रहे हैं.
क्या है ‘वन बिग ब्यूटीफुल बिल एक्ट’ (OBBBA)?
ट्रंप के इस हजारों पृष्ठों वाले विधेयक में कई बड़े आर्थिक और सामाजिक बदलाव प्रस्तावित हैं, जिनमें प्रमुख हैं. व्यक्तिगत और कॉर्पोरेट टैक्स में कटौती और 2017 की टैक्स दरों को 2028 तक बढ़ाना. ओवरटाइम और टिप्स पर टैक्स छूट. 65 वर्ष से अधिक आयु वालों को $4,000 अतिरिक्त स्टैंडर्ड डिडक्शन. नवजात शिशुओं के लिए $1,000 “ट्रंप अकाउंट्स” सुरक्षा, हेल्थकेयर, रक्षा और सीमा सुरक्षा पर खर्चों में कटौती. विधेयक के अनुसार, इसका उद्देश्य है टैक्स प्रणाली को सरल बनाना, लेकिन आलोचकों का कहना है कि यह मध्यम वर्ग और नए उद्योगों के लिए खतरनाक साबित होगा. सीनेट को यह बिल 4 जुलाई से पहले पास करना है, ताकि इसे औपचारिक रूप से लागू किया जा सके. लेकिन विरोध और आंतरिक कलह को देखते हुए, यह स्पष्ट नहीं है कि ट्रंप की पार्टी इसे सहजता से पार करवा पाएगी.
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