Elon Musk On AI: दुनिया के सबसे अमीर लोगों में शामिल Elon Musk एक बार फिर अपने भविष्य को लेकर दिए गए बयान की वजह से चर्चा में हैं. SpaceX के IPO के बाद उनकी अनुमानित संपत्ति नई ऊंचाइयों पर पहुंचने की खबरों के बीच मस्क का एक पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है. इस वीडियो में उन्होंने भविष्य की ऐसी अर्थव्यवस्था की कल्पना की है, जहां पैसे की भूमिका काफी हद तक खत्म हो सकती है.
AI और रोबोट्स बदल देंगे दुनिया
2026 के Abundance Summit में बातचीत के दौरान मस्क ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और रोबोटिक्स आने वाले वर्षों में उत्पादन और सेवाओं के स्वरूप को पूरी तरह बदल सकते हैं. उनके अनुसार मशीनें इतनी अधिक दक्ष हो जाएंगी कि अधिकांश वस्तुएं और सेवाएं बड़ी मात्रा में और कम लागत पर उपलब्ध होंगी. मस्क का मानना है कि भविष्य में लोगों के लिए पारंपरिक नौकरियों की आवश्यकता काफी कम हो सकती है, क्योंकि कई काम AI और रोबोट्स द्वारा किए जाएंगे.
Universal High Income का दिया विचार
मस्क ने बातचीत के दौरान "Universal High Income" (UHI) की अवधारणा का जिक्र किया. उनके अनुसार भविष्य में केवल न्यूनतम आय देने की बजाय लोगों को ऐसा आर्थिक समर्थन मिल सकता है, जिससे वे बेहतर जीवन स्तर बनाए रख सकें.
उनका तर्क है कि यदि AI उत्पादन लागत को बेहद कम कर देता है, तो समाज में संसाधनों की उपलब्धता बढ़ेगी और लोगों की बुनियादी जरूरतों से लेकर कई सुविधाएं आसानी से हासिल की जा सकेंगी.
क्यों कहा कि पैसे की अहमियत कम हो जाएगी?
मस्क का कहना है कि जब वस्तुओं और सेवाओं का उत्पादन अत्यधिक सस्ता और व्यापक हो जाएगा, तब आर्थिक व्यवस्था का केंद्र केवल नकदी या मुद्रा नहीं रहेगा. ऐसे में धन की पारंपरिक भूमिका कमजोर पड़ सकती है. बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि भविष्य में एक ऐसा दौर आ सकता है, जब पैसे का महत्व आज की तुलना में काफी कम रह जाएगा.
भविष्य में क्या होगा सबसे कीमती?
मस्क के अनुसार उन्नत AI सिस्टम इंसानी मुद्राओं के बजाय वास्तविक संसाधनों पर अधिक ध्यान देंगे. उन्होंने कहा कि भविष्य की अर्थव्यवस्था में ऊर्जा, कंप्यूटिंग क्षमता, उत्पादन ढांचा और कच्चे संसाधन अधिक महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं. उनका मानना है कि AI के लिए डॉलर या अन्य मुद्राओं से ज्यादा महत्व बिजली, कंप्यूटिंग पावर और भौतिक संसाधनों का होगा.
स्वास्थ्य, आवास और भोजन हो सकते हैं अधिक सुलभ
मस्क ने अपने विजन को AI, रोबोटिक्स और Tesla के ह्यूमनॉइड रोबोट Optimus जैसे प्रोजेक्ट्स से जोड़ते हुए कहा कि तकनीकी प्रगति के चलते स्वास्थ्य सेवाएं, आवास, भोजन और अन्य आवश्यक सुविधाएं पहले की तुलना में अधिक सुलभ और किफायती बन सकती हैं.
संसाधन आधारित अर्थव्यवस्था की ओर इशारा
मस्क के अनुसार भविष्य की आर्थिक व्यवस्था इस बात पर कम निर्भर हो सकती है कि किसी व्यक्ति के पास कितना पैसा है, और अधिक इस बात पर आधारित हो सकती है कि ऊर्जा, तकनीक, फैक्ट्रियों और संसाधनों तक किसकी पहुंच है. उनका मानना है कि AI और ऑटोमेशन के बढ़ते प्रभाव के साथ वैश्विक अर्थव्यवस्था का ढांचा मौजूदा मॉडल से काफी अलग दिखाई दे सकता है.
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