Delhi Budget: दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने 1.03 लाख करोड़ रुपये का 'ग्रीन बजट' पेश किया है. इस बजट में दिल्ली के विकास के लिए कई बड़े ऐलान किए गए हैं, और खास ध्यान शिक्षा, स्वास्थ्य, महिलाओं, बुजुर्गों और नवजातों पर दिया गया है.
बजट में दिल्ली सरकार ने महिलाओं को हर महीने 2500 रुपये देने का ऐलान किया है. महिला सम्मान योजना के लिए 5100 करोड़ रुपये का प्रावधान रखा गया है. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि दिल्ली की महिलाओं को 2500 रुपये देने के लिए सरकार पूरी तरह से प्रतिबद्ध है. यह कदम बीजेपी के घोषणापत्र में महिला सम्मान निधि देने के वादे को पूरा करने की दिशा में उठाया गया है. इसके अलावा, महिला एवं बाल विकास के लिए 7,406 करोड़ रुपये और महिलाओं की मुफ्त यात्रा के लिए 406 करोड़ रुपये का प्रस्ताव भी किया गया है.
सीएम रेखा गुप्ता ने बताया कि इस साल होली के मौके पर महिलाओं के खातों में 853 रुपये डाले गए थे. साथ ही, 260 करोड़ रुपये होली और दिवाली पर मुफ्त गैस सिलेंडर के लिए आवंटित किए गए हैं. महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा के लिए 450 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है. अब दिल्ली की बसों में महिलाओं के साथ-साथ ट्रांसजेंडर समुदाय को भी मुफ्त यात्रा की सुविधा मिलेगी. इसके अलावा, दिल्ली में एक नई योजना शुरू की गई है, "दिल्ली लखपति योजना", जिसके तहत जन्म से लेकर ग्रेजुएशन तक सरकार बेटियों के खाते में पैसे डालेगी और ग्रेजुएशन के बाद उन्हें 1.2 लाख रुपये मिलेंगे.
LIVE: Annual Budget 2026-2027 https://t.co/AF8wIm1vki
— Rekha Gupta (@gupta_rekha) March 24, 2026
1 लाख 3 हजार 700 करोड़ रुपये का बजट
मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने मंगलवार को विधानसभा में वित्त वर्ष 2026-27 का बजट पेश करते हुए कहा कि इस बार 1 लाख 3 हजार 700 करोड़ रुपये का बजट पेश किया गया है, जो पिछले साल के मुकाबले बहुत बड़ा है. उन्होंने इसे 'ग्रीन बजट' के रूप में पेश किया, जिसमें पर्यावरण संरक्षण और आने वाली पीढ़ियों की भलाई को ध्यान में रखते हुए योजनाएं बनाई गई हैं. इस बजट का 21% हिस्सा पर्यावरण के लिए निर्धारित किया गया है.
राजस्व और अन्य प्रावधान
मुख्यमंत्री ने बताया कि 900 करोड़ रुपये नॉन-टैक्स रेवेन्यू से प्राप्त होंगे, जबकि 591 करोड़ रुपये केंद्रीय सड़क निधि से आएंगे. इसके अलावा, विभिन्न सरकारी योजनाओं के तहत केंद्र सरकार से करीब 2,500 करोड़ रुपये मिलने की उम्मीद है. बजट का 70.3% हिस्सा राजस्व व्यय के लिए रखा गया है. इसके साथ ही, दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) के लिए 11,666 करोड़ रुपये का बड़ा प्रावधान किया गया है.
इंफ्रास्ट्रक्चर और शहरी विकास
इस बजट में इंफ्रास्ट्रक्चर और शहरी विकास को भी प्राथमिकता दी गई है. लोक निर्माण विभाग (PWD) के लिए 5,921 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है. शहरी विकास के लिए 7,887 करोड़ रुपये, यमुनानगर के लिए 300 करोड़ रुपये, झुग्गी विकास के लिए 800 करोड़ रुपये, ग्रामीण विकास के लिए 787 करोड़ रुपये और विकास विभाग के लिए 914 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है.
सड़क और विधायक क्षेत्रों के विकास
मुख्यमंत्री ने कहा कि पीडब्ल्यूडी के तहत सड़कों के विकास पर खास ध्यान दिया जाएगा. विभाग को 7,000 किलोमीटर सड़कों को पक्का बनाने का लक्ष्य दिया गया है, जिसके लिए 1,392 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे. इसके अलावा, विधायकों के क्षेत्रों के विकास के लिए 350 करोड़ रुपये अलग से रखे गए हैं. एनडीएमसी और दिल्ली कैंटोनमेंट क्षेत्र के लिए भी 186 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है.
ये भी पढ़ें- आसमान पर होगा भारत का दबदबा, 114 मल्टी-रोल फाइटर जेट से बढ़ेगी वायुसेना की ताकत, चीन-पाकिस्तान