आखिर चाहते क्या हैं नेतन्याहू? गाज़ा पट्टी को लेकर इजरायल का नया प्लान आया सामने, कहा- गाजा पर कब्जा नहीं करेंगे...

Benjamin Netanyahu On Gaza: इज़रायल और हमास के बीच चल रहे संघर्ष के बीच गाज़ा पट्टी को लेकर इज़रायल सरकार की नीति को लेकर भ्रम की स्थिति बनी हुई है. हाल ही में इज़रायल की सुरक्षा कैबिनेट ने गाज़ा पर नियंत्रण की योजना को हरी झंडी दी.

What does Netanyahu want Netanyahu new plan regarding Gaza Strip has come to light
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Benjamin Netanyahu On Gaza: इज़रायल और हमास के बीच चल रहे संघर्ष के बीच गाज़ा पट्टी को लेकर इज़रायल सरकार की नीति को लेकर भ्रम की स्थिति बनी हुई है. हाल ही में इज़रायल की सुरक्षा कैबिनेट ने गाज़ा पर नियंत्रण की योजना को हरी झंडी दी, वहीं प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने सार्वजनिक रूप से यह कहा है कि उनकी सरकार का गाज़ा पर कब्ज़ा करने का कोई इरादा नहीं है.

प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने शुक्रवार देर रात सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए कहा, "हम गाज़ा पर कब्ज़ा नहीं करेंगे. हमारा उद्देश्य गाज़ा को हमास के नियंत्रण से मुक्त कराना है. वहां एक नया नागरिक प्रशासन स्थापित किया जाएगा, जो न तो हमास और न ही फिलिस्तीनी प्राधिकरण से जुड़ा होगा."

उनका यह बयान ऐसे समय आया है जब अंतरराष्ट्रीय समुदाय, विशेष रूप से ब्रिटेन, इज़रायल की हालिया योजना की आलोचना कर चुका है. ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने नेतन्याहू से अपील की है कि वे गाज़ा पर नियंत्रण की अपनी नीति पर पुनर्विचार करें. उन्होंने चेताया कि यह कदम और अधिक रक्तपात को जन्म देगा और बंधकों की रिहाई में भी मदद नहीं करेगा.

सुरक्षा कैबिनेट की योजना और अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया

गुरुवार को सुरक्षा कैबिनेट की बैठक में नेतन्याहू ने स्पष्ट रूप से कहा था कि इज़रायल गाज़ा पर "पूर्ण नियंत्रण" चाहता है ताकि हमास को हटाया जा सके और इज़रायल की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके. उन्होंने संकेत दिया कि भविष्य में गाज़ा की जिम्मेदारी एक ऐसी 'अरब शक्ति' को सौंपी जा सकती है जो स्थायित्व, शांति और विकास के लिए प्रतिबद्ध हो.

हालांकि इस दृष्टिकोण को हमास और कई अन्य देश नकार चुके हैं. जॉर्डन ने भी दोहराया कि गाज़ा का भविष्य केवल फिलिस्तीनी जनता की सहमति से तय किया जाना चाहिए.

गाज़ा में मानवीय संकट 

गाज़ा में इज़रायली हमले अक्टूबर 2023 से जारी हैं और अब तक भारी जनहानि हो चुकी है. स्थानीय और अंतरराष्ट्रीय रिपोर्ट्स के मुताबिक, अब तक 61,000 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 1.5 लाख से अधिक लोग घायल हुए हैं. बच्चों में कुपोषण और भूख से मौतों की खबरें भी लगातार आ रही हैं, जिससे वैश्विक समुदाय चिंतित है.

इन सबके बीच, इज़रायल की ओर से यह स्पष्ट कर दिया गया है कि वह हमास को पूरी तरह खत्म करने के लक्ष्य से पीछे नहीं हटेगा, भले ही वैश्विक दबाव बढ़ता जा रहा हो.

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