Akash Defence System: हाल ही में भारत और पाकिस्तान के बीच हुए सीमित सैन्य संघर्ष के दौरान भारत के स्वदेशी ‘आकाश-1S’ एयर डिफेंस सिस्टम ने असाधारण क्षमता का प्रदर्शन कर अंतरराष्ट्रीय सैन्य विशेषज्ञों का ध्यान खींचा है. इस प्रणाली ने पाकिस्तान द्वारा दागे गए एडवांस गाइडेड रॉकेट ‘फतह-1’ को हवा में ही सफलतापूर्वक निष्क्रिय कर दिया, जो तकनीकी रूप से एक जटिल और चुनौतीपूर्ण कार्य माना जाता है. इस सफलता के बाद अब दक्षिण एशिया के बाहर भी इस प्रणाली की मांग बढ़ने लगी है—खासकर दक्षिण चीन सागर क्षेत्र में चीन के बढ़ते प्रभाव से चिंतित फिलीपींस ने इस डिफेंस सिस्टम को अपने सैन्य नेटवर्क में शामिल करने की गहरी रुचि दिखाई है.
‘आकाश-1S’ एक मध्यम दूरी की सतह से हवा में मार करने वाली मिसाइल प्रणाली (SAM) है, जिसे भारत के रक्षा अनुसंधान और विकास संगठन (DRDO) ने डिज़ाइन किया है. इसका निर्माण भारत डायनेमिक्स लिमिटेड (BDL) और भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL) के सहयोग से किया गया है. यह प्रणाली न केवल पारंपरिक एयर थ्रेट्स बल्कि आधुनिक युद्ध के परिदृश्य में सामने आने वाले तेजी से बदलते खतरों—जैसे ड्रोन, क्रूज मिसाइलें और गाइडेड रॉकेट्स—से भी प्रभावी तरीके से निपटने में सक्षम है.
आकाश-1S की प्रमुख क्षमताएं
अधिकतम रेंज: 45 किलोमीटर
इंटरसेप्शन ऊंचाई: 20 किलोमीटर तक
स्पीड: 2.5–3.5 मैक
सटीकता: 88% हिट रेट (एकल मिसाइल से), 99% (दो मिसाइलों की साल्वो से)
ट्रैकिंग सिस्टम: राजेंद्र फेज़्ड-ऐरे रडार – एक साथ 64 लक्ष्यों को ट्रैक कर सकता है और 12 मिसाइलों को निर्देशित कर सकता है
स्वदेशी RF सीकर: जो कम ऊंचाई और उच्च गति वाले लक्ष्यों पर भी सटीक निशाना साधने की क्षमता प्रदान करता है
फतह-1 को हवा में मार गिराना
पाकिस्तान द्वारा विकसित फतह-1 गाइडेड आर्टिलरी रॉकेट, जिसकी रेंज 140 किलोमीटर है और जिसे GPS व इनर्शियल नेविगेशन जैसे एडवांस गाइडेंस सिस्टम से लैस किया गया है, उसे भारतीय एयर डिफेंस नेटवर्क ने केवल ट्रैक ही नहीं किया बल्कि 5 किलोमीटर की ऊंचाई पर हवा में ही मार गिराया. यह एक अत्यधिक चुनौतीपूर्ण मिशन था, जिसे आकाश-1S ने पूरी कुशलता से अंजाम दिया.
भारत-फिलीपींस रक्षा सहयोग को नया आयाम
फिलीपींस पहले ही भारत से ब्रह्मोस मिसाइल सिस्टम खरीद चुका है, और अब वह अपने वायु सुरक्षा तंत्र को और मजबूत करने की दिशा में भारत के साथ एक और अहम रक्षा सौदे की ओर बढ़ रहा है. सूत्रों के अनुसार, एक आकाश एयर डिफेंस सिस्टम की कीमत लगभग 200 मिलियन डॉलर आंकी जा रही है. माना जा रहा है कि फिलीपींस के राष्ट्रपति भारत के दौरे पर आने वाले हैं और इस दौरान आकाश-1S को लेकर एक बड़े रक्षा समझौते की घोषणा हो सकती है.
चीन को लेकर दोनों देशों की चिंता साझा
हिंद-प्रशांत क्षेत्र में चीन की आक्रामक रणनीतियों से न केवल भारत बल्कि फिलीपींस भी चिंतित है. यही कारण है कि दोनों देश आपसी सहयोग को रक्षा, तकनीक और सामरिक साझेदारी तक विस्तारित कर रहे हैं. फिलीपींस की सेना वर्तमान में इजरायली ‘स्पाइडर’ एयर डिफेंस सिस्टम का उपयोग कर रही है, लेकिन इसकी रेंज और ऊंचाई पर मार करने की सीमा ‘आकाश-1S’ से कम है. ऐसे में भारत का यह स्वदेशी सिस्टम फिलीपींस की सुरक्षा क्षमताओं को नया बल दे सकता है.
यह भी पढ़ें- घातक रूसी मिसाइल से डरा NATO, रेंज जानकर कांप जाएगा अमेरिका! ट्रैक भी नहीं कर पाएगा दुश्मन