पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के बीच सीमा पर एक बड़ा सैन्य घटनाक्रम सामने आया है. अफगानिस्तान की सेना ने पाकिस्तान के साथ लगने वाली डूरंड लाइन पार करते हुए खोस्त-खुर्रम बॉर्डर के पास पाकिस्तानी सैन्य ठिकानों पर हमला किया. इस कार्रवाई को सर्जिकल स्ट्राइक जैसी रणनीतिक जवाबी कार्रवाई के रूप में देखा जा रहा है.
मिली जानकारी के अनुसार अफगान बलों ने सीमा पार करते हुए खुर्रम क्षेत्र में स्थित पाकिस्तानी सेना के कई ठिकानों को निशाना बनाया. इस दौरान एक सैन्य वाहन को आग के हवाले कर दिया गया, जबकि अन्य ठिकानों पर भी भारी नुकसान पहुंचाया गया. हमले के बाद इलाके में धुएं के गुबार और अफरा-तफरी का माहौल बन गया.
आर्टिलरी और टैंकों से भारी गोलाबारी
सूत्रों के मुताबिक अफगान सेना ने इस ऑपरेशन के दौरान आर्टिलरी और टैंकों का इस्तेमाल किया. सीमा क्षेत्र में देर रात तक लगातार गोलाबारी होती रही, जिससे हालात बेहद तनावपूर्ण हो गए.
बताया जा रहा है कि रात करीब साढ़े 12 बजे तक चली इस कार्रवाई में पाकिस्तान के कम से कम 3 सैनिकों की मौत हो गई, जबकि 12 अन्य घायल हुए हैं.
पहले भी लग चुके हैं गंभीर आरोप
इस सैन्य टकराव से पहले भी दोनों देशों के बीच तनाव चरम पर था. अफगानिस्तान ने 3 मार्च को आरोप लगाया था कि पाकिस्तान की सेना ने कुनार प्रांत के असदाबाद के बाहरी इलाकों में गोलीबारी की थी. इस घटना में एक व्यक्ति की मौत हुई थी और 16 लोग घायल हुए थे, जिनमें बड़ी संख्या महिलाओं और बच्चों की बताई गई थी.
दोनों देशों के बीच यह तनाव फरवरी से लगातार बढ़ता जा रहा है. उस दौरान पाकिस्तान ने अफगान सीमा के पास हवाई हमले किए थे. इसके जवाब में अफगानिस्तान ने भी सीमा पार जवाबी कार्रवाई की थी. इसके बाद से दोनों देशों के बीच हालात लगातार बिगड़ते गए हैं.
तनाव की मुख्य वजह क्या है?
हाल के दिनों में पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच कई वर्षों में सबसे ज्यादा हिंसक झड़पें देखने को मिली हैं. पाकिस्तान का आरोप है कि अफगानिस्तान में सत्ता में मौजूद तालिबान सरकार, तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) जैसे उग्रवादी संगठनों को पनाह दे रही है. पाकिस्तान का कहना है कि ये संगठन उसकी सीमा में घुसकर हमले करते हैं.
वहीं अफगान पक्ष इन आरोपों को सिरे से खारिज करता है. उनका कहना है कि उनकी जमीन का इस्तेमाल किसी भी आतंकी गतिविधि के लिए नहीं होने दिया जाता और टीटीपी पूरी तरह पाकिस्तान का आंतरिक मामला है.