जयपुर, नेशनल डेस्क: राजस्थान की 199 विधानसभा सीटों पर रविवार (3 दिसंबर) को सुबह साढ़े 8 बजे से वोटों की गिनती की जानी है. इसके लिए भारतीय निर्वाचन आयोग (election Commission of India) ने पूरी तैयारी कर ली है. वहीं, एग्जिट पोल (Exit poll 2023) और सट्टा बाजार (Satta Bazar) ने भारतीय जनता पार्टी को तो राहत दी है, लेकिन सत्तासीन कांग्रेस पार्टी की टेंशन बढ़ा दी है. राजस्थान विधानसभा चुनाव 2023 के लिए सटोरियो की मानें तो राज्य में कांग्रेस की सत्ता जा रही है और रिवाज के अनुसार, भारतीय जनता पार्टी की सरकार बन रही है.
सट्टा बाजार के मुताबिक, राजस्थान में भारतीय जनता पार्टी पूर्ण बहुमत के साथ सरकार बन रही है. सटोरियों के मुताबिक, भाजपा को राजस्थान में 115 से अधिक सीटें हासिल होंगीं तो कांग्रेस 70 सीटों के आसपास सिमट जाएंगी. सट्टा बाजार की पहली पसंद भी भाजपा ही है.
एक सटोरिये का कहना है कि राजस्थान में भाजपा 117 सीटें जीतेगी, जबकि भाजपा पबर 1 रुपये से लेकर 25 पैसे तक भाव चल रहा है. उधर, कांग्रेस के 70 से ज्यादा सीटें नहीं जीतने पर दांव लगाने वालों के लिए 1 रुपये 25 पैसे से लेकर एक रुपये तक मिलेंगे.
सट्टा बाजार के मुताबिक, कांग्रेस सरकार की अशोक गहलोत कैबिनेट में शामिल कई कैबिनेट मंत्री चुनाव हार सकते हैं. सट्टा बाजार के मुताबिक, राजस्तान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे और पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट अपनी-अपनी सीटें जीत रहे हैं. सीटें जीतने वालों में दीया कुमारी भी शामिल हैं, जो जयुपर जिले की विद्याधर नगर सीट से प्रत्याशी हैं.
वहीं, जैसलमेर विधानसभा सीट पर कांग्रेस के उम्मीदवार रूपाराम और भारतीय जनता पार्टी के छोटू सिंह के बीच कड़ा मुकाबला बताया जा रहा है, इसके अलावा पोखरण विधानसभा सीट से भाजपा उम्मीदवार प्रताप पुरी को जीत मिल रही है और कैबिनेट मंत्री शालेह मोहम्मद हार सकते हैं.