RCB vs UPW WPL 2026: विमेंस प्रीमियर लीग में रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर ने अपने इरादे साफ कर दिए हैं. टूर्नामेंट के शुरुआती मुकाबलों में ही आरसीबी ऐसी लय में नजर आ रही है, मानो खिताब की मजबूत दावेदार बनने आई हो. यूपी वॉरियर्स के खिलाफ खेले गए मुकाबले में आरसीबी ने एकतरफा अंदाज में 9 विकेट से जीत दर्ज कर ली.
इस जीत की सबसे बड़ी वजह बनीं ऑस्ट्रेलियाई स्टार बल्लेबाज ग्रेस हैरिस, जिन्होंने अपने विस्फोटक अंदाज से मैच को पूरी तरह आरसीबी के पक्ष में मोड़ दिया. कप्तान स्मृति मंधाना ने भी संयम और समझदारी के साथ खेलते हुए टीम को आसान जीत दिलाई.
Sisters of Destruction. 🥶#PlayBold #ನಮ್ಮRCB #WPL2026 #RCBvUPW pic.twitter.com/mi8kMJd8R4
— Royal Challengers Bengaluru (@RCBTweets) January 12, 2026
ग्रेस हैरिस का कहर, गेंदबाजों की बिगड़ी लाइन-लेंथ
144 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी आरसीबी की शुरुआत से ही ग्रेस हैरिस बेहद आक्रामक नजर आईं. उन्होंने यूपी वॉरियर्स के किसी भी गेंदबाज को जमने का मौका नहीं दिया और मैदान के चारों ओर आकर्षक शॉट्स लगाए. हैरिस ने सिर्फ 40 गेंदों में 85 रनों की तूफानी पारी खेली, जिसमें चौकों और छक्कों की झड़ी लगी रही. उनकी इस पारी में 10 चौके और 5 गगनचुंबी छक्के शामिल थे, जिसने दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया.
हैरिस का सबसे खतरनाक रूप डोटिन के ओवर में देखने को मिला, जहां उन्होंने एक ही ओवर में 32 रन बटोर लिए. पहले नो-बॉल पर चौका, फिर लगातार तीन छक्के और दो चौके, इस ओवर ने मैच की तस्वीर ही बदल दी. इसके अलावा लेग स्पिनर आशा शोभना के ओवर में उन्होंने 17 रन निकालकर यूपी की वापसी की उम्मीदें लगभग खत्म कर दीं.
डब्ल्यूपीएल इतिहास में आरसीबी का तेज शतक
आरसीबी ने महज 7.5 ओवर में 100 रन पूरे कर लिए, जो विमेंस प्रीमियर लीग के इतिहास में दूसरा सबसे तेज टीम शतक है. इस तेज रफ्तार बल्लेबाजी का असर न सिर्फ स्कोरबोर्ड पर दिखा, बल्कि नेट रन रेट भी जबरदस्त तरीके से सुधर गया. आखिरकार आरसीबी ने 12.1 ओवर में ही लक्ष्य हासिल कर लिया और दो मैचों में लगातार दूसरी जीत दर्ज करते हुए चार अंकों के साथ अंकतालिका में शीर्ष स्थान हासिल कर लिया.
स्मृति मंधाना की परिपक्व कप्तानी
जहां एक छोर से ग्रेस हैरिस ताबड़तोड़ रन बरसा रही थीं, वहीं दूसरे छोर पर कप्तान स्मृति मंधाना बेहद संयमित और संतुलित बल्लेबाजी करती दिखीं. मंधाना ने 39 गेंदों पर 9 चौकों की मदद से 47 रनों की नाबाद पारी खेली. उनका फोकस बड़े शॉट्स खेलने से ज्यादा स्ट्राइक रोटेट करने और विकेट बचाने पर रहा.
यह आरसीबी के लिए एक सकारात्मक संकेत है, क्योंकि अक्सर तेज शुरुआत के बाद टीम का मध्यक्रम दबाव में आ जाता है, लेकिन इस मैच में मंधाना ने अंत तक टिककर यह सुनिश्चित किया कि कोई और विकेट न गिरे और जीत पूरी तरह सुरक्षित रहे.
यूपी वॉरियर्स की खराब शुरुआत
इससे पहले यूपी वॉरियर्स की टीम जब बल्लेबाजी के लिए उतरी, तो शुरुआत कुछ खास नहीं रही. पावरप्ले में ही टीम ने 36 रन पर पहला विकेट गंवा दिया. इसके बाद हालात और बिगड़ते चले गए और महज आठ गेंदों के भीतर चार विकेट गिर गए. नौवें ओवर तक स्कोर 50 रन पर पांच विकेट हो चुका था, जिससे यूपी की पारी लड़खड़ा गई और बड़ा स्कोर बनाना मुश्किल नजर आने लगा.
डोटिन और दीप्ति की जुझारू साझेदारी
हालांकि इसके बाद डोटिन और दीप्ति शर्मा ने पारी को संभालने की कोशिश की. दोनों ने मिलकर 72 गेंदों में 93 रनों की नाबाद साझेदारी की और टीम को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाया. दीप्ति शर्मा, जो हाल ही में भारत की विश्व कप जीत में अहम भूमिका निभा चुकी हैं, ने 35 गेंदों में 45 रन बनाए. उनकी पारी में पांच चौके और एक छक्का शामिल था. वहीं डोटिन ने 37 गेंदों में 40 रन की पारी खेली, जिसमें तीन चौके और एक छक्का देखने को मिला.
डैथ ओवरों में दोनों बल्लेबाजों ने आक्रामक रुख अपनाया और आखिरी छह ओवरों में 67 रन जोड़ दिए. डोटिन ने 15वें ओवर में श्रेयांका पाटिल को एक चौका और एक छक्का लगाया, जबकि दीप्ति ने 19वें ओवर में नडाइन डी क्लेर्क को दर्शनीय छक्का जड़ा. आखिरी ओवर में भी दोनों ने मिलकर 15 रन निकाले, जिससे यूपी वॉरियर्स 143 रन के स्कोर तक पहुंच सकी.
आरसीबी का मजबूत संदेश
हालांकि यूपी की यह साझेदारी सराहनीय रही, लेकिन आरसीबी की बल्लेबाजी के सामने यह स्कोर बिल्कुल भी पर्याप्त साबित नहीं हुआ. ग्रेस हैरिस की विस्फोटक पारी और स्मृति मंधाना की सधी हुई कप्तानी ने यह साफ कर दिया कि आरसीबी इस सीजन सिर्फ खेलने नहीं, बल्कि खिताब जीतने के इरादे से उतरी है. लगातार दूसरी जीत के साथ टीम का आत्मविश्वास सातवें आसमान पर है और बाकी टीमों के लिए यह एक कड़ा संदेश भी.
ये भी पढ़ें- Weather: कड़ाके की ठंड से जम गई राजधानी! 3 डिग्री पहुंचा दिल्ली-NCR का पारा, 13 सालों का टूटा रिकॉर्ड