इजराइल ने घोषणा की है कि उसने गाजा के दक्षिणी शहर राफा में सुरंगों में फंसे 40 से अधिक हमास लड़ाकों को मार गिराया है. यह कार्रवाई उस समय की गई जब ये लड़ाके पिछले लगभग नौ महीनों से सुरंगों में फंसे हुए थे. इजराइली सेना का दावा है कि यह कदम क्षेत्र में सुरक्षा सुनिश्चित करने और हथियारबंद आतंकवादियों को खत्म करने के उद्देश्य से उठाया गया.
इजराइली मीडिया और अधिकारियों के अनुसार, राफा की भूमिगत सुरंगों में मार्च 2025 से लगभग 200 हमास के लड़ाके फंसे हुए थे. इजराइल ने इन लड़ाकों को बाहर निकलने की अनुमति नहीं दी, जबकि हमास बार-बार उनका सुरक्षित निकास कराने की मांग करता रहा. राफा की इन सुरंगों को गाजा और इजराइल के बीच आतंकवादियों की आवाजाही के प्रमुख मार्गों में से एक माना जाता है.
बाहरी दुनिया के संपर्क में नहीं थे लड़ाके
रॉयटर्स की रिपोर्ट के अनुसार, इन लड़ाकों में से कई लंबे समय से बाहरी दुनिया और सुरक्षा बलों के संपर्क में नहीं थे. ऐसा प्रतीत होता है कि वे शायद यह भी नहीं जानते थे कि हाल ही में दोनों पक्षों के बीच संघर्ष विराम (सीजफायर) लागू हो चुका है.
हमास और इजराइल के बीच समझौते का प्रयास
6 नवंबर, 2025 को इजराइल और हमास के बीच एक संभावित समझौते का प्रस्ताव रखा गया था. इस प्रस्ताव के तहत फंसे लड़ाकों को सुरक्षित निकाला जा सकता था, बशर्ते वे अपने हथियार डाल दें और गाजा की सुरंगों की जानकारी साझा करें. यह प्रस्ताव मिस्र, अमेरिका और कतर की जानकारी में रखा गया था ताकि गाजा में लागू संघर्ष विराम को बनाए रखा जा सके और युद्ध की संभावित पुनरावृत्ति रोकी जा सके.
हालांकि, इजराइल ने इस समझौते को ठुकरा दिया और स्पष्ट किया कि वे आतंकवादियों से कोई समझौता नहीं करेंगे. इसी कारण, सुरंगों में फंसे लड़ाकों के खिलाफ सशस्त्र कार्रवाई की गई.
इजराइली कार्रवाई का विवरण
इजराइली सेना ने बताया कि रविवार रात राफा में सुरंगों पर लक्षित हमले किए गए. इन हमलों में हथियारबंद लड़ाके मार गिराए गए और सुरंगों को नष्ट कर दिया गया. पिछले हफ्ते भी इजराइल ने इसी क्षेत्र में हमास के कई लड़ाकों को मारने या गिरफ्तार करने का दावा किया था.
सुरक्षा और रणनीतिक पहलू
इजराइल का कहना है कि यह कार्रवाई सुरक्षा की दृष्टि से आवश्यक थी. राफा में फंसे लड़ाकों की मौजूदगी और उनकी संभावित गतिविधियां क्षेत्र में खतरे का स्रोत बन सकती थीं. वहीं, हमास का कहना है कि लड़ाकों को बाहर निकालना युद्ध विराम को बनाए रखने के लिए जरूरी है.
विशेषज्ञों का मानना है कि गाजा के भीतर लंबित फंसे लड़ाकों की स्थिति बहुत संवेदनशील है. यदि उन्हें सुरक्षित निकाला जाता, तो यह संघर्ष विराम को मजबूती दे सकता था. वहीं, इजराइल ने अपनी सुरक्षा प्राथमिकताओं के तहत हथियारबंद लड़ाकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करना चुना.
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