Amazon Parcel Scam: ऑनलाइन शॉपिंग की बढ़ती लोकप्रियता ने खरीदारी को बेहद आसान बना दिया है, लेकिन इसके साथ ही धोखाधड़ी के नए तरीके भी सामने आने लगे हैं. कई बार ग्राहक बड़ी उम्मीदों के साथ महंगे गैजेट, दवाइयां या अन्य जरूरी सामान ऑर्डर करते हैं, लेकिन डिलीवरी मिलने के बाद पता चलता है कि पैकेज के साथ छेड़छाड़ की गई है. ऐसे मामलों पर लगाम लगाने के लिए Amazon ने अपनी पैकेजिंग में एक खास सुरक्षा संकेत जोड़ना शुरू किया है, जिसे पिंक डॉट फीचर के नाम से जाना जा रहा है.
क्या है Amazon का Pink Dot सिस्टम?
Amazon की नई सुरक्षा तकनीक टैंपर-एविडेंट सील पर आधारित है. इस सील पर एक छोटा सा डॉट लगाया जाता है जो सामान्य स्थिति में सफेद रंग का दिखाई देता है. यदि पैकेज को खोलने, दोबारा सील करने या किसी तरह से उसके साथ छेड़छाड़ करने की कोशिश की जाती है तो यह डॉट अपना रंग बदलकर गुलाबी या लाल हो जाता है. इस बदलाव के जरिए ग्राहक आसानी से समझ सकता है कि पार्सल सुरक्षित है या नहीं.
पार्सल स्वैपिंग फ्रॉड कैसे होता है?
ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर सबसे आम शिकायतों में से एक प्रोडक्ट स्वैपिंग की होती है. कुछ मामलों में पैकेज को बेहद सावधानी से खोलकर उसमें मौजूद असली सामान निकाल लिया जाता है और उसकी जगह कम कीमत वाला या नकली उत्पाद रख दिया जाता है. बाद में पैकेज को दोबारा बंद कर दिया जाता है, जिससे पहली नजर में सब कुछ सामान्य दिखाई देता है. पिंक डॉट तकनीक इसी तरह की छेड़छाड़ को उजागर करने के लिए तैयार की गई है.
रंग बदला हुआ दिखे तो तुरंत बरतें सावधानी
यदि डिलीवरी के समय पैकेज पर मौजूद डॉट सफेद है तो यह आमतौर पर सुरक्षित पैकेजिंग का संकेत माना जाता है. लेकिन अगर डॉट गुलाबी या लाल रंग का दिखाई दे तो इसे नजरअंदाज नहीं करना चाहिए. ऐसी स्थिति में ग्राहक को पार्सल की तस्वीरें सुरक्षित रखनी चाहिए और तुरंत Amazon की कस्टमर सपोर्ट टीम से संपर्क करना चाहिए. विशेषज्ञों का मानना है कि संदिग्ध पैकेज को स्वीकार करने से पहले पूरी जांच करना जरूरी है.
फिलहाल किन उत्पादों में हो रहा है इस्तेमाल?
यह सुरक्षा फीचर अभी मुख्य रूप से दवाइयों, कॉस्मेटिक उत्पादों और उन वस्तुओं में देखा जा रहा है जिनमें छेड़छाड़ का जोखिम अधिक माना जाता है. कंपनी का उद्देश्य ग्राहकों को यह भरोसा दिलाना है कि उनके पास पहुंचने वाला उत्पाद पूरी तरह सुरक्षित और ओरिजिनल है. माना जा रहा है कि आने वाले समय में इस तकनीक का विस्तार अन्य प्रोडक्ट कैटेगरी में भी किया जा सकता है.
डिलीवरी लेते समय सतर्क रहना है जरूरी
ऑनलाइन शॉपिंग करते समय केवल ऑर्डर करना ही काफी नहीं है, बल्कि डिलीवरी प्राप्त करते समय पैकेज की स्थिति पर भी ध्यान देना जरूरी है. सील, टेप और पिंक डॉट जैसे सुरक्षा संकेतों की जांच करने में कुछ ही सेकंड लगते हैं, लेकिन यही छोटी सी सावधानी आपको बड़े आर्थिक नुकसान और संभावित स्कैम से बचा सकती है. इसलिए अगली बार जब कोई Amazon पार्सल आपके दरवाजे पर पहुंचे, तो उसे खोलने से पहले इस छोटे से डॉट पर जरूर नजर डालें.
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