Rajasthan News: राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने हाल ही में राज्य विधानसभा में ऐतिहासिक घोषणा की है. उन्होंने बताया कि राज्य के तीन प्रमुख शहरों के नाम बदल दिए जाएंगे. इसके तहत विश्व प्रसिद्ध हिल स्टेशन माउंट आबू अब आबू राज के नाम से जाना जाएगा. इसके अलावा, जहाजपुर को अब यज्ञपुर और कामां को कामवन नाम दिया जाएगा.
सीएम भजन लाल शर्मा ने सदन में इस फैसले की पुष्टि करते हुए कहा कि ये नाम परिवर्तन राजस्थान की सांस्कृतिक और ऐतिहासिक विरासत को बेहतर तरीके से दर्शाएगा. उन्होंने यह भी बताया कि यह कदम राज्य की पहचान को और मजबूत बनाने की दिशा में उठाया गया है.
जनभावनाओं को ध्यान में रखते हुए हमारी सरकार ने राजस्थान के तीन प्रमुख स्थानों के नाम परिवर्तन करने का निर्णय किया है। माउंट आबू अब 'आबू राज', जहाजपुर अब 'यज्ञपुर' और कामां अब 'कामवन' के नाम से जाना जाएगा।#बजट_समृद्ध_राजस्थान_का pic.twitter.com/zuhLqu4zlO
— Bhajanlal Sharma (@BhajanlalBjp) February 27, 2026
यूपी और दिल्ली में भी बदले कई शहरों और इलाकों के नाम
राजस्थान के बाद, देश के अन्य हिस्सों में भी जगहों के नाम बदलने की प्रक्रिया लगातार जारी है. उत्तर प्रदेश और दिल्ली में पिछले कुछ वर्षों में कई स्थानों के नाम बदल दिए गए हैं.
उत्तर प्रदेश में सबसे बड़ा बदलाव फैजाबाद और इलाहाबाद के नाम परिवर्तन के रूप में देखा गया. फैजाबाद अब अयोध्या और इलाहाबाद को प्रयागराज नाम दिया गया. इसके अलावा राज्य में और भी कई शहरों और कस्बों के नाम बदले गए हैं, जो ऐतिहासिक और धार्मिक दृष्टि से महत्व रखते हैं.
केरल का नाम बदलकर 'केरलम'
हाल ही में केंद्र सरकार ने केरल राज्य के नाम परिवर्तन पर भी हरी झंडी दे दी है. अब केरल को आधिकारिक रूप से केरलम कहा जाएगा. मलयालम भाषा में "केरा" का अर्थ "नारियल का पेड़" और "अलम" का अर्थ "भूमि" होता है. इस तरह केरलम का अर्थ "नारियल के पेड़ों की भूमि" होता है.
हालांकि स्थानीय लोग वर्षों से राज्य को केरलम के नाम से ही जानते थे, लेकिन अब इसे आधिकारिक तौर पर भी स्वीकार किया जाएगा. राज्य सरकार ने इस प्रस्ताव को लंबी समय की मांग के बाद केंद्रीय मंत्रिमंडल के सामने रखा था, और केंद्र ने इसे मंजूरी दे दी.
सांस्कृतिक और ऐतिहासिक दृष्टि
भारत में शहरों और राज्यों के नाम बदलने की परंपरा लंबे समय से चली आ रही है. इसका उद्देश्य है कि नाम स्थानीय भाषा, संस्कृति और इतिहास को सही रूप से दर्शाएं. विशेषज्ञों का मानना है कि नाम परिवर्तन केवल प्रशासनिक बदलाव नहीं है, बल्कि यह नागरिकों की सांस्कृतिक पहचान और भावनाओं का भी सम्मान करता है.
राजस्थान, यूपी, दिल्ली और केरल के हालिया उदाहरण यह दर्शाते हैं कि सरकारें इस दिशा में सक्रिय हैं. ऐसे बदलावों से स्थानीय इतिहास और सांस्कृतिक धरोहर को भी एक नई पहचान मिलती है.
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