बिहार में नौकरियों की होगी भरमार, जल्द होगा 3000 करोड़ रुपये का निवेश; जानें सरकार का मेगाप्लान

Industry In Bihar: बिहार में उद्योग को बढ़ावा देने के लिए सरकार लगातार नए फैसले ले रही है. निवेशकों को आकर्षित करने के लिए कई योजनाएं शुरू की जा रही हैं. अब इन प्रयासों का असर धीरे-धीरे जमीन पर भी दिखाई देने लगा है.

abundance of jobs in Bihar investment of Rs 3000 crore will happen soon government megaplan
प्रतिकात्मक तस्वीर/ FreePik

Industry In Bihar: बिहार में उद्योग को बढ़ावा देने के लिए सरकार लगातार नए फैसले ले रही है. निवेशकों को आकर्षित करने के लिए कई योजनाएं शुरू की जा रही हैं. अब इन प्रयासों का असर धीरे-धीरे जमीन पर भी दिखाई देने लगा है. आने वाले समय में राज्य में नई फैक्ट्रियां लगाने की तैयारी है, जिसके लिए करीब 3000 करोड़ रुपये निवेश करने की योजना बनाई गई है.

जानकारी के अनुसार, बिहार के पांच जिलों में बड़े स्तर पर इंडस्ट्री लगाने की योजना है. इनमें पटना (बिहटा), गया, पूर्णिया, बेगूसराय और मुजफ्फरपुर शामिल हैं. इन जिलों में करीब 15 नई फैक्ट्रियां लगाई जाएंगी. इसके लिए लगभग 64 एकड़ जमीन तय कर दी गई है. खास बात यह है कि जमीन का आवंटन बियाडा द्वारा पहले ही कर दिया गया है. इससे उम्मीद है कि आने वाले कुछ सालों में इन इलाकों में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा.

अलग-अलग सेक्टर की इंडस्ट्री लगेगी

इन फैक्ट्रियों में कई तरह के उद्योग लगाए जाएंगे. इसमें फूड प्रोसेसिंग, रबर, कपड़ा, प्लास्टिक, आईटी और रिन्यूएबल एनर्जी जैसे सेक्टर शामिल हैं. कुछ बड़ी कंपनियां भी बिहार में निवेश करने जा रही हैं, जिनमें HR Food Processing Private Limited, Nirani Sugars Limited और Sanjeevani Media and Technology Private Limited शामिल हैं.

बड़ी संख्या में फैक्ट्रियों के प्रस्ताव

राज्य में उद्योग लगाने को लेकर बड़ी दिलचस्पी देखने को मिल रही है. जानकारी के मुताबिक, एक साल के अंदर करीब 747 फैक्ट्रियां लगाने के प्रस्ताव मिले हैं. इनमें से 317 फैक्ट्रियों के लिए 404 एकड़ जमीन भी आवंटित की जा चुकी है. यह दिखाता है कि बिहार अब धीरे-धीरे एक औद्योगिक राज्य बनने की दिशा में आगे बढ़ रहा है.

रोजगार के नए मौके बढ़ेंगे

नई फैक्ट्रियां लगने से सबसे बड़ा फायदा रोजगार के रूप में मिलेगा. राज्य सरकार का लक्ष्य है कि ज्यादा से ज्यादा युवाओं को नौकरी मिले और उन्हें बाहर जाने की जरूरत न पड़े. इससे पलायन (माइग्रेशन) पर भी रोक लग सकती है और लोग अपने ही राज्य में काम कर सकेंगे. उद्योग मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने बताया कि राज्य में टेक्सटाइल, लेदर और इलेक्ट्रॉनिक्स जैसी कई इंडस्ट्री पर काम चल रहा है.

बिहार बन रहा है इंडस्ट्रियल हब

कुल मिलाकर देखा जाए तो बिहार अब तेजी से एक औद्योगिक क्षेत्र के रूप में विकसित हो रहा है. सरकार के लगातार प्रयास, निवेशकों की बढ़ती रुचि और नए प्रोजेक्ट्स की शुरुआत से आने वाले समय में बिहार की आर्थिक स्थिति मजबूत हो सकती है.

ये भी पढ़ें- ड्राइवर की लापरवाही पड़ी भारी, मेरठ में बच्चों से भरी स्कूल बस खाई में पलटी; जानें पूरा मामला