पीएम मोदी ने कर्नाटक को दी 16 हजार करोड़ की सौगात, कहा- 'कांग्रेस ने कभी गरीबों के दर्द की परवाह नहीं की'

    कर्नाटक दौरे रविवार को पहुंचे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कांग्रेस पार्टी पर जमकर निशाना साधा। पीएम ने कहा कि कांग्रेस मोदी की कब्र खोदने में लगी है. जबकि हमारी सरकार लोगों के जीवन को आसान बनाने का प्रयास कर रही है।

    पीएम ने अपने संबोधन में आगे कहा कि 2014 में जब आपने मुझे वोट देकर सेवा का मौका दिया तो देश में एक संवेदनशील सरकार बनी जो गरीबों के दर्द और पीड़ा को समझती है. भाजपा की केंद्र सरकार ने पूरी ईमानदारी से गरीबों की सेवा करने का प्रयास किया। पीएम ने कहा कि डबल इंजन की सरकार तेजी से विकास के जरिए जनता का प्यार ब्याज सहित लौटाने की लगातार कोशिश कर रही है. पीएम मोदी 118 किलोमीटर लंबे बेंगलुरु-मैसूर एक्सप्रेसवे प्रोजेक्ट का उद्घाटन करने पहुंचे थे. 

    कांग्रेस ने गरीबों के दर्द की कभी परवाह नहीं की

    कर्नाटक रैली में पीएम मोदी ने कांग्रेस पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया है. मोदी ने कहा कि 2014 से पहले केंद्र की कांग्रेस सरकार ने गरीब परिवारों को उजाड़ने में कोई कसर नहीं छोड़ी थी. जो पैसा गरीबों के विकास के लिए था, उनमें हजारों करोड़ रुपए कांग्रेस सरकार ने लूट लिए। मोदी ने कहा कि कांग्रेस ने गरीबों के दर्द और पीड़ा की कभी परवाह नहीं की। पीएम मोदी ने इंफ्रास्ट्रक्चर को लेकर भी कई बातें कहीं. मोदी ने कहा कि इंफ्रास्ट्रक्चर अपने साथ केवल सुविधा नहीं लाता है... यह रोजगार लाता है, यह निवेश लाता है और यह कमाई का साधन लाता है। पिछले वर्षों का हवाला देते हुए पीएम मोदी ने कहा कि अकेले कर्नाटक में हमने राजमार्गों से जुड़ी परियोजनाओं में 1 लाख करोड़ रुपये से अधिक का निवेश किया है.

    पीएम मोदी पर जमकर हुई फूलों की बारिश

    कर्नाटक पहुंचे पीएम मोदी के रोड शो में हुई फूलों की बारिश जमकर देखी गई. इस दौरान पीएम मोदी के स्वागत में लोगों ने इतने फूल बरसाए कि गाड़ी पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों को लगातार शीशे के सामने से फूल हटाने पड़े. पीएम मोदी ने चुनाव से ठीक पहले कर्नाटक को 16 हजार करोड़ की विकास परियोजनाओं की सौगात दी है. कर्नाटक की बात करें तो बेंगलुरु और मैसूर यहां के दो सबसे अहम शहर माने जाते हैं। इस एक्सप्रेस वे के शुरू होने के बाद अब दोनों शहरों के बीच की दूरी महज 75 मिनट में तय की जा सकेगी। जबकि पहले दोनों शहरों के बीच आने-जाने में तीन घंटे लगते थे।