उन्होंने कहा कि हमें यह सोचना होगा कि हम आने वाली पीढ़ियों को कैसा AI सौंपकर जा रहे हैं. AI का विकास इंसान की भलाई और सम्मान को ध्यान में रखकर होना चाहिए.
इस कार्यक्रम में इमैनुएल मैक्रों, लूला डी सिल्वा, एंटोनियो गुटेरेस, अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान, अनुरा कुमारा दिसानायके और नवीनचंद्र रामगुलाम समेत कई देशों के नेता और उद्योग जगत के प्रमुख शामिल हुए. सम्मेलन में 100 से ज्यादा देशों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया.
AI मानव इतिहास को बदलेगा: पीएम
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि AI मानव इतिहास में बड़ा बदलाव लाने वाला है. भारत ने हमेशा नई तकनीकों को अपनाया है और उन्हें मजबूत बनाने में योगदान दिया है. उन्होंने कहा कि भारत दुनिया की सबसे बड़ी युवा आबादी वाला देश है और यहां बड़ा टेक टैलेंट मौजूद है.