बेटा नहीं होने पर पति ने की जमकर पिटाई, 28 साल की युवती ने की आत्महत्या

    बेटा या बेटी पैदा करने की क्षमता केवल पुरुषों में ही होती है। बेटी हो या बेटा, पुरुष ही उसका कारण है। क्‍योंकि पुरुष के अंदर X और Y दोनों क्रोमोजोम्स मौजूद होते हैं। जबकि महिलाओं में केवल XX क्रोमोजोम्स ही मौजूद होते हैं। जब पुरुष का X और स्त्री का X निषेचन के दौरान मिलते हैं तो पुत्री का जन्म होता है। वहीं जब पुरुष का Y और महिला का X मिलते हैं तो पुत्र पैदा होता है।

    बेटा नहीं होने पर पति ने की जमकर पिटाई, 28 साल की युवती ने की आत्महत्या

    दिल्ली से सटे गुरुग्राम से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक महिला ने पति के प्रताड़ना से तंग आकर आत्महत्या कर ली। बताया जा रहा है कि पति उसे रोज इसलिए पीटता था क्योंकि महिला को केवल बेटी पैदा हो रही थी। महिला की शादी को 8 साल हो गए थे, इस दौरान उसने तीन बेटियों को जन्म दिया। पहली बेटी 7 साल, दूसरी तीन साल और सबसे छोटी बेटी महज 6 महीने की है।

    पति आए दिन करता था मारपीट

    मृतका के परिजनों का आरोप है कि शादी के 8 साल में सिर्फ बेटियों को जन्म देने को लेकर पति मारपीट करता था. इससे तंग आकर उसने आत्महत्या कर ली। परिजनों ने बताया कि महिला (कृष्णा) की शादी वर्ष 2015 में गुरुग्राम के खेरला गांव निवासी बलजीत के साथ हुई थी.

    'हिंसक हो गया था बलजीत' 

    मृतका के भाई भीम सिंह ने बताया कि बलजीत आए दिन कृष्णा को यह कहकर प्रताड़ित करता था कि वह लड़का पैदा नहीं कर सकती. बलजीत कृष्ण के साथ हिंसक हो गया था। 25 मार्च को कृष्णा अपने चाचा की मौत के बाद फरीदाबाद में अपने माता-पिता के घर चली गई। बाद में 9 अप्रैल को मैंने उसे उसके पति के घर छोड़ आया। भीम सिंह ने आगे बताया कि बुधवार को सुबह करीब 7.30 बजे, हमें बलजीत का फोन आया, जिसमें उसने बताया कि कृष्णा ने आत्महत्या कर ली है।

    बता दें कि इस पूरे मामले में आरोपी पति के खिलाफ सोहना थाने में आईपीसी की धारा 306 (आत्महत्या के लिए उकसाना) के तहत मामला दर्ज किया गया है. पुलिस ने इस मामले की तफ्तीश शुरू कर दी है।

    किस आधार पर होता है? बेटे और बेटियों का जन्म

    अधिकांश लोगों को पुत्र और पुत्री के जन्म के वैज्ञानिक तथ्यों की जानकारी नहीं होती है, इसलिए वे उपरोक्त शर्मनाक घटना को अंजाम देते हैं। ऐसे में आपको बता दें कि बेटा या बेटी पैदा करने की क्षमता केवल पुरुषों में ही होती है। बेटी हो या बेटा, पुरुष ही उसका कारण है। क्‍योंकि पुरुष के अंदर X और Y दोनों क्रोमोजोम्स मौजूद होते हैं। जबकि महिलाओं में केवल XX क्रोमोजोम्स ही मौजूद होते हैं। जब पुरुष का X और स्त्री का X निषेचन के दौरान मिलते हैं तो पुत्री का जन्म होता है। वहीं जब पुरुष का Y और महिला का X मिलते हैं तो पुत्र पैदा होता है। पुरुषों में X और Y दोनों क्रोमोजोम्स होने से केवल पुरुष ही बेटा या बेटी होने का कारण है। बेटा या बेटी होने में महिलाओं की कोई भूमिका नहीं होती है।